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Google May-June Compliance: टेक दिग्गज़ गूगल (Google) ने यूज़र्स की शिकायतों के चलते मई में 71,132 और जून में 83,613 कंटेंट को हटाते हुए उन पर कार्रवाई की है। ये जानकारी कंपनी ने शुक्रवार को जारी अपनी मासिक ट्रांसपेरेंसी रिपोर्ट में दी है।

इतना ही नहीं बल्कि यूज़र्स की शिकायत के अलावा Google ने ऑटोमेटिक रूप से पहचान करके भी मई में 6,34,357 और जून में 5,26,866 कंटेंट को हटा दिया है, जो पॉलिसी का पालन नहीं कर रहे थे।

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आपको बता दें Google ने ये तमाम आँकड़े भारत में 26 मई को लागू हुए नए आईटी नियमों के अनुसार पेश की गई अपनी मासिक कम्‍प्‍लायंस रिपोर्ट में जारी किए हैं।

इसके पहले जून में प्रकाशित अपनी पहली रिपोर्ट में Google ने बताया था कि 1 अप्रैल से 30 अप्रैल तक की अवधि में भारत के भीतर व्यक्तिगत यूज़र्स से कंपनी ने कुल 27,762 शिकायतें प्राप्त की थीं, जिसके चलते 59,350 कंटेंट को हटा दिया गया था।

Google May-June Compliance

वहीं मई को लेकर अपनी रिपोर्ट में Google ने कहा कि उसनें भारत में यूज़र्स से 34,883 शिकायतें प्राप्त की हैं, और उपयोगकर्ता शिकायतों के चलते 71,132 कंटेंट हटाए गए हैं।

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रिपोर्ट के अनुसार ये तमाम यूजर्स की शिकायतें थर्ड पार्टी कंटेंट से संबंधित हैं, जिसके बारे में माना जाता है कि यह Google के SSMI (Significant Social Media Intermediary) सम्बंधित स्थानीय कानूनों या पर्सनल राइट्स का उल्लंघन करते हैं।

कंटेंट को हटाने को लेकर मिली शिकायतों में कॉपीराइट की 70,365, मानहानि की 753, नकली (5), अन्य कानूनी (4), धोखाधड़ी (3) और ग्राफिक यौन कंटेंट (2) सहित कई कैटेगॉरी में शिकायतें मिली हैं।

अगर जून की बात करें तो Google को उस महीने भारत में यूज़र्स से 36,265 शिकायतें मिलीं, जो अब तक सबसे अधिक हैं। इन शिकायतों के परिणामस्वरूप कंपनी ने उस महीनें 83,613 कंटेंट हटाए गए हैं।

बता दें जून के दौरान हटाए गए कंटेंट मई में समान ही तमाम कैटेगॉरी के तहत ही की गई थी। इस कैटेगॉरी कॉपीराइट (83,054), ट्रेडमार्क (532), नकली (14), धोखाधड़ी (4), अन्य कानूनी (2), ग्राफिक यौन सामग्री (1) और मानहानि (1) शामिल है।

बता दें नए भारतीय क़ानूनों के हिसाब से देश में 50 लाख से अधिक यूज़र्स वाले सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म को हर महीने एक रिपोर्ट फ़ाइल करनी होगी, जिसमें उन्हें बताना होगा कि उस महीने उन्हें देश में कितनी शिकायतें मिलती हैं और उसके लिए कंपनी ने क्या क़दम उठाए।