google-india-pauses-play-billing-policy-after-cci-order

इस बात को Google कई बार दोहरा चुका है कि भारत से इंटरनेट पर अब शामिल होने वाले लोगों में अधिकतर स्थानीय भाषाओं को प्राथमिकता देने वाले लोग होंगें। और ऐसे में Google ने भारत में स्थानीय भाषाओं को बढ़ावा देने का भी मन बना लिया है।

दरसल Google India के कंट्री हेड और वीपी, संजय गुप्ता ने कहा कि भारत में बीते कुछ सालो में 100 मिलियन से अधिक नए इंटरनेट उपयोगकर्ताओं ग्रामीण इलाक़ों से जुड़े हैं। और ये सभी वैसे उपयोगकर्ता हैं जो स्थानीय भाषाओं का विकल्प पसंद करते हैं। इसलिए कंपनी ऐसा इंटरनेट बनाना चाहती है, जो हर भारतीय के लिए काम करे।

और इसी कड़ी में Google ने देश में कई भाषाओं में अपने इंटरनेट ढांचे को ढालने और रिसर्चर्स, छात्रों और स्टार्टअप की मदद करने के लिए भारतीय भाषाओं के लिए एक मशीन लर्निंग टूल पेश किया है।

दरसल Multilingual Representations for Indian Languages (MuRIL) नामक इस मॉडल का मक़सद कंप्यूटर प्रणालियों की भारतीय भाषा की समझ आदि को सिखाने और इसमें शामिल चिंताओं और जटिलताएं जैसे कि Transliteration, Spelling Variations, Mixed Languages आदि को भारतीय भाषाओं के संदर्भ में समझने में मदद करेगा।

इसके साथ ही यह Transliteration टेक्स्ट का भी समर्थन करेगा जैसे रोमन लिपि का उपयोग करके हिंदी लिखना आदि।

MuRIL को Google की भारत रिसर्च यूनिट में विकसित किया गया है और फ़िलहाल ये 16 स्थानीय भाषाओं और अंग्रेजी का समर्थन करता है। और कंपनी का दावा है कि यह अन्य सार्वजनिक रूप से उपलब्ध मशीन लर्निंग मॉडल की तर्ज़ पर ही भारतीय भाषाओं को भी प्राथमिकता से कवर करता है।

दरसल इस मॉडल को कंपनी के अपने भाषा सीखने के मॉडल BERT (Bidirectional Encoder Representations from Transformers) का उपयोग करके बनाया है। आपको बता दें इसका इस्तेमाल इस सर्च इंजन पर लगभग सभी अंग्रेजी प्रश्नों आदि के लिए किया जाता रहा है।

Google ने अपने मशीन लर्निंग प्लेटफॉर्म TensorFlow से डाउनलोड और उपयोग के लिए MuRIL को मुफ़्त और ओपन-सोर्स रूप में उपलब्ध कराया है।

Google द्वारा पेश किया गए नए फ़ीचर

Google ने असल में गुरुवार को एक इवेंट के दौरान अपने कई प्रोडक्ट में कई नई भारतीय भाषा सुविधाओं की शुरुआत की। इसमें तमिल, तेलुगु, बंगला और मराठी सहित अंग्रेजी और चार भारतीय भाषाओं के बीच उनके सर्च रिज़ल्ट को टॉगल करने की सुविधा, भारतीय उपयोगकर्ताओं के लिए प्रासंगिक स्थानीय भाषा सामग्री को बढ़ावा और Google Map में नौ भारतीय भाषाओं का सपोर्ट देने जैसी सुविधाएँ शामिल रहीं।

इस बीच Google ने Homework Help नामक एक नई सुविधा भी छात्रों के लिए पेश की जो Google Lens का का उपयोग करके Quadratic Equations जैसी जटिल गणित की समस्याओं को हल करना सीखने आदि की सहूलियत देती है।

इतना ही नहीं बल्कि छात्र Google ऐप में Search Bar से लेंस का उपयोग करके किसी समस्या की एक फ़ोटो लेकर उसको अपलोड करके उसका स्टेप बाय सेटप सोल्यूशन पा सकते हैं या फिर वीडियो तालाश सकतें हैं।

दरसल यह सुविधा Tencent और Sequoia समर्थित स्टार्टअप Doubtnut के ही सामं है, लेकिन यह स्टार्टअप भौतिकी, रसायन और जीव विज्ञान सहित कई विषयों के व्यापक सेट से सोल्यूशन प्रदान करता है।

ज़ाहिर है Google के इस क़दम से छात्रों को अपनी भाषा में अपने राज्यों के पढ़ाई संबंधी सामग्री को भी अब इंटरनेट पर तलाशने में मदद मिलेगी।

आपको याद दिला दें जुलाई में Google ने देश में अपने डिजिटलीकरण प्रयासों को लेकर कई अहम घोषणाएँ की थीं, जिनमें सबसे ख़ास था कि कंपनी आने वाले पांच से सात सालों में भारत में $10 बिलियन का निवेश करेगी।

इस बीच Google की योजना भारत में अपने रिसर्च सेंटर में भाषा को लेकर मशीन लर्निंग और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्रयासों को तेज करने के लिए भी निवेश करने की है ताकि देश में लोगों को उनके अनुसार उनकी ही भाषा में आकर्षित किया जा सके।